आज बात करेंगे गोल्ड की …सोने के गहनों की और ज्वैलरी की दुकानों पर उमड़ी भीड़ की…
सोने की पैनिक बाइंग का नतीजा है कि सोने की कीमतों में उछाल आ गया है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा एक साल तक सोना न खरीदने की अपील के बाद पूरे भारत में शादी के गहनों की खरीदारी में उछाल आ गया है.
लोगों को डर सता रहा है कि सरकार सोने पर बैन लगा सकती है या जीएसटी बढ़ा सकती है.
इस वजह से ‘पैनिक बाइंग’ तेज हो गई है.
मंगलवार को सर्राफा बाजारों में 24 कैरेट गोल्ड बिना जीएसटी 151632 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था.
वहीं 22 कैरेट गोल्ड की कीमत 138895 और 18 कैरेट गोल्ड का रेट 113724 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुए थे.
गौर करें तो जून से मध्य दिसंबर तक शादियों का सीज़न है..ग्राहक इससे पहले जेवर खरीदने में जुट गए हैं.
इस तरह से बीते दो दिनों में ब्राइडल ज्वैलरी की बिक्री 15-20% बढ़ गई है.
अब जानिए Panic Gold Buying का मतलब क्या है…इसका मतलब है डर या अनिश्चितता के माहौल में घबराहट में सोना खरीदने के लिए टूट पड़ना.
ऐसा तब होता है जब जब लोगों को लगता है कि सोने की कीमतें बहुत तेज़ी से बढ़ने वाली हैं.
करंसी का मूल्य गिरने वाला है,
या कोई आर्थिक आपदा आने वाली है.
लोग जानते ही हैं …जब महंगाई बढ़ती है और डॉलर के मुकाबले रुपया कमज़ोर होता है, तो लोग सोना खरीदने लगते हैं.
जब भू-राजनीतिक तनाव या ईरान-अमेरिका जैसा वॉर होता है तो भी… लोग डर के मारे सोना खरीदने लगते हैं.
जब लोग दूसरों को सोना खरीदते देखते हैं, तो वे भी FOMO यानी छूट जाने के डर से गोल्ड खरीदने लगते हैं.
कभी-कभी सरकार की कोई सलाह या नई नीति के कारण भी पैनिक बाइंग शुरू हो जाती है. जैसे कि पीएम मोदी ने जनता से अपील की थी, साल भर तक गोल्ड मत खरीदिए…और भीड़ सोना खरीदने के लिए दुकानों पर उमड़ पड़ी.
और यह तेजी पीएम की अपील के बाद बढ़ी अफवाहों और नीति बदलने की आशंका के कारण आई है.
लोगों को डर है कि कहीं सरकार सोने की खरीदारी पर पूरी तरह से रोक न लगा दे.
मुंबई के प्रसिद्ध जेवर बाजार झावेरी बाजार में बीते दो दिनों में गोल्ड के दाम में करीब 20% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है..
साउथ इंडिया में भी भारी ब्राइडल जूलरी की डिमांड बढ़ गई है. सर्राफा बाजार में पैनिक बाइंग चल रही है…आप क्या सोच रहे हैं.
