Saturday, February 24, 2024
HomeINDIASanatan Row: सनातन टिप्पणी मामले ए राजा और उदयनिधि की मुश्किलें बढ़ीं,...

Sanatan Row: सनातन टिप्पणी मामले ए राजा और उदयनिधि की मुश्किलें बढ़ीं, सुप्रीम कोर्ट से गुहार

Sanatan Row: सनातन टिप्पणी मामले में डीएमके नेता ए राजा और उदयनिधि की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पेटिशनर ने सुप्रीम कोर्ट में अपील कर दोनों पर FIR दर्ज करने का निर्देश देने की माँग की है। 

पहले उदयनिधि स्टालिन ने सनातन धर्म को डेंगू और मलेरिया बताया था। अब ए राजा ने कथित रूप से एक सभा में सनातन धर्म को एचआईवी (एड्स) और कोढ़ जैसा बता दिया।

पिटीशनर ने माँग की है कि ए राजा और उदयनिधि पर FIR दर्ज करने का निर्देश दें। साथ ही पुलिस को अवमानना नोटिस भेजा जाए।

डीएमके नेता ए राजा और तमिलनाडु के मंत्री उदयनिधि स्टालिन के सनातन विरोधी बयान देशभर में मुद्दा बने हुए हैं। 

सनातन को लेकर डीएमके नेता ए राजा और उदयनिधि स्टालिन के बयान को लेकर सीनियर एडवोकेट विनीत जिंदल ने 7 सितंबर को सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की। 

उन्होंने कोर्ट से मांग की है कि पुलिस को दोनों के खिलाफ FIR दर्ज करने का निर्देश दे। याचिका में दिल्ली और चेन्नई पुलिस को अवमानना ​​नोटिस जारी करने की भी मांग की है।

याचिकाकर्ता का तर्क है कि सुप्रीम कोर्ट ने 28 अप्रैल 2023 को राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को हेट स्पीच के मामलों में केस दर्ज करने का निर्देश दिया था। भले ही कोई शिकायत न की गई हो। इसके बाद भी दिल्ली और चेन्नई पुलिस ने मामलों में केस न दर्ज कर कोर्ट की अवमानना की है।

डीएमके नेताओं की तरफ से सनातन धर्म के खिलाफ बयान दिए जा रहे हैं। ताजा टिप्पणी पूर्व केंद्रीय मंत्री ए राजा की है। इसमें उन्होंने कथित रूप से एक सभा में सनातन धर्म को एचआईवी (एड्स) और कोढ़ जैसा बता दिया।

राजा के बयान को केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपमानजनक करार दिया। प्रधान ने कहा कि नाम बदलने से किसी का चरित्र और इरादा नहीं बदल जाता। राजा का सनातन धर्म पर दिया गया बयान इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इनक्लूसिव अलायंस (I.N.D.I.A) का मानसिक दिवालियापन और हिंदूफोबिया (हिंदू से डर) दिखाता है। देश देख रहा है कि कांग्रेस और उसके दोस्त भारत की आत्मा और जड़ों को गंदा कर रहे हैं।

तमिलनाडु CM एमके स्टालिन के बेटे उदयनिधि स्टालिन ने चेन्नई में 2 सितंबर को एक कार्यक्रम में सनातन धर्म के खिलाफ बयान दिया था। 4 दिन बाद 7 सितंबर को उन्होंने पहली बार सफाई दी। उन्होंने कहा, ‘मैं किसी भी धर्म का दुश्मन नहीं हूं। मेरे बयान का गलत मतलब निकाला गया।’ उदयनिधि ने गुरुवार को 4 पेज के स्टेटमेंट में अपनी बातों को साफ किया।

इसी के साथ उदयनिधि के पिता एमके स्टालिन ने बेटे का बचाव किया। स्टालिन ने सोशल मीडिया पर बयान पोस्ट किया – बीजेपी ने झूठी कहानी फैलाई है। पीएम ने भी बिना सच जाने इस पर कमेंट किया। दरअसल, बुधवार 6 सितंबर को मंत्रि परिषद की एक बैठक में पीएम ने सभी मंत्रियों को सनातन विवाद पर सख्त जवाब देने की बात कही थी।

उदयनिधि ने 2 सितंबर को चेन्नई में आयोजित सनातन उन्मूलन कार्यक्रम में यह बात कही थी। जिससे विवाद हुआ।

उदयनिधि के स्टेंटमेंट की बड़ी बातें…

मोदी एंड कंपनी ध्यान भटकाने के लिए सनातन चाल का इस्तेमाल कर रही है।

मोदी भारत में मणिपुर के बारे में सवालों का सामना करने से डरते हैं और अपने दोस्त अडाणी के साथ दुनिया भर में घूम रहे हैं। सच तो यह है कि लोगों की अज्ञानता ही उनकी नाटकीय राजनीति की पूंजी है।

पिछले 9 सालों से, आपके (भाजपा) सभी वादे खोखले रहे। आपने वास्तव में हमारे कल्याण के लिए क्या किया है, यह सवाल वर्तमान में एक निहत्थे, फांसीवादी भाजपा सरकार के खिलाफ पूरे देश द्वारा एकजुट होकर उठाया जा रहा है।

आश्चर्य की बात यह है कि केंद्रीय मंत्री अमित शाह और भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्री फेक न्यूज के आधार पर मेरे खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे।

मैं भी एक अध्यात्मवादी हूं। यदि कोई धर्म लोगों को जातियों के नाम पर विभाजित करता है। उस धर्म में छुआछूत और गुलामी नजर आती है तो मैं उस धर्म का विरोध करने वाला पहला व्यक्ति होऊंगा।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments